
Dushyant Chautala on UGC: यूजीसी के नए नियम उच्च शिक्षा व्यवस्था पर प्रहार, भाजपा की नीति देश को बांटने वाली – दुष्यंत चौटाला
पंजाब चुनाव के चलते बीजेपी और हरियाणा के सीएम नहीं चाहते कि एसवाईएल मुद्दे का हल हो – दुष्यंत चौटाला
सरकारी रोजगार खत्म कर रही बीजेपी सरकार, नौकरियों में हरियाणा के युवाओं से हो रहा भेदभाव – दिग्विजय चौटाला
चंडीगढ़, 27 जनवरी। हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने यूजीसी के नए नियमों की कड़ी आलोचना करते हुए इसे युवाओं के भविष्य के साथ बड़ा खिलवाड़ बताया है। दुष्यंत चौटाला ने कहा कि यूजीसी के नए नियम उच्च शिक्षा व्यवस्था पर न केवल बड़े प्रहार की तरह है बल्कि ये राज्य सरकार की शक्तियों को कमजोर करने की गहरी साजिश है। वे मंगलवार को करनाल में आयोजित जेजेपी के युवा योद्धा सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। दुष्यंत चौटाला ने कहा कि भाजपा सरकार की सोच स्पष्ट दर्शाती है कि उच्च शिक्षा में बंटवारा करके हमें तोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि ऐसा इतिहास में कभी नहीं हुआ कि शिक्षा के सहारे बंटवारे की भूमिका तय की जाए। वहीं पत्रकारों के सवालों के जवाब में एसवाईएल के विषय पर दुष्यंत चौटाला ने कहा कि आगामी पंजाब विधानसभा चुनाव के चलते बीजेपी और हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी नहीं चाहते कि एसवाईएल मुद्दे का हल हो।
एसवाईएल के विषय पर दुष्यंत चौटाला ने कहा कि हरियाणा के सीएम चाहते तो छह महीने पहले ही एसवाईएल मुद्दे का समाधान किया जा सकता था। उन्होंने कहा कि बीजेपी पंजाब चुनाव के मद्देनजर एसवाईएल के मुद्दे को लटकाना चाहती है। दुष्यंत ने सवाल किया कि सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट आदेश के बावजूद दो साल से केंद्र सरकार ने एसवाईएल का मामला क्यों नहीं सुलझाया ? हरियाणा सरकार कानूनी कदम क्यों नहीं उठा रही ? ये सब दर्शाते है कि हरियाणा के सीएम और बीजेपी नहीं चाहते कि पंजाब चुनाव से पहले एसवाईएल के मुद्दे का हल हो।

पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने कहा कि यूजीसी के नए नियमों को समझना जरूरी है, क्योंकि ये छात्रों के आपसी विवाद निपटाने के लिए नहीं बल्कि शिक्षा को केंद्र सरकार के कंट्रोल में करने की साजिश है, जो कि शिक्षण संस्थानों की मान्यता पर खतरा है। उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी में वीसी की नियुक्ति राज्य का विषय है और इसे केंद्र के अधीन करना गलत है। दुष्यंत चौटाला ने कहा कि इस विषय की गंभीरता को देखते हुए यूपी में एक सिटी मजिस्ट्रेट ने विरोध जताते हुए अपना इस्तीफा तक दे डाला इसलिए इन नए नियमों का विरोध करना जरूरी है।

जेजेपी प्रदेश अध्यक्ष बृज शर्मा ने कहा कि कहा कि आज प्रदेश का प्रत्येक वर्ग भाजपा सरकार से परेशान है। उन्होंने कहा कि जेजेपी एकमात्र ऐसी पार्टी है जो मजबूती के साथ भाजपा सरकार की खराब नीतियों की पोल खोल रही है। बृज शर्मा ने कहा कि जेजेपी द्वारा नियुक्त किए जाने वाले बीएलए-1 और बीएलए-2 में युवाओं की भूमिका अहम होगी ताकि बूथ स्तर पर वोटर लिस्ट की जांच की जा सके और फर्जी वोटों पर नजर रखी जा सके।

वहीं जेजेपी युवा प्रदेश अध्यक्ष दिग्विजय सिंह चौटाला ने कहा कि भाजपा न केवल आपसी भाईचारे को खत्म में लगी हुई है, बल्कि हरियाणा में सरकारी रोजगार को भी समाप्त करने पर तुली है। इतना ही नहीं जो सरकारी रोजगार मिल रहा है, उसमें भी हरियाणा के युवाओं को वंचित रखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि 90 प्रतिशत हरियाणा से बाहरी राज्य के अभ्यर्थियों को अवसर दिए जा रहे है, जो कि बिल्कुल गलत है। दिग्विजय ने आगे कहा कि आज युवाओं को मिलकर भाजपा सरकार के खिलाफ लड़ना होगा। इस अवसर पर अनेक युवाओं ने जेजेपी में शामिल होने की घोषणा की।







