HARYANA
Hisar News: हिसार जिले की 13 जनवरी 2026 की बड़ी खबरें, पढ़िए एक क्लिक में
Hisar News: हिसार जिले की 13 जनवरी 2026 की बड़ी खबरें, पढ़िए एक क्लिक में

Hisar News: हिसार जिले की 13 जनवरी 2026 की बड़ी खबरें, पढ़िए एक क्लिक में
चिन्हित अपराधों में एक्विटल मामलों की गहन समीक्षा कर पुन: अपील दायर की जाए-उपायुक्त महेंद्र पाल
चिन्हित अपराधों तथा किशनभाई बनाम राज्य गुजरात मामले के संदर्भ में जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप समीक्षा बैठक आयोजित
विटनेस प्रोटेक्शन स्कीम के अंतर्गत संवेदनशील मामलों के गवाहों को आवश्यकता अनुसार सुरक्षा उपलब्ध करवाने के दिए निर्देश
हिसार, 13 जनवरी।
उपायुक्त महेंद्र पाल ने न्यायिक एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि चिन्हित अपराधों से जुड़े उन सभी मामलों की गहन समीक्षा की जाए, जिनमें अनुसंधान में कमी, साक्ष्यों की कमजोरी अथवा अन्य किसी कारणवश दोषी एक्विटल हुए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों में विधिसम्मत व ठोस दलीलों के आधार पर पुन: अपील दायर की जाए, ताकि अपराधियों को कानून के दायरे में लाया जा सके।
उपायुक्त मंगलवार को जिला सचिवालय में चिन्हित अपराधों तथा किशनभाई बनाम राज्य गुजरात मामले के संदर्भ में जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में न्यायिक, पुलिस एवं अभियोजन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
इस अवसर पर जिला न्यायवादी दीपक लेघा ने उपायुक्त को अवगत करवाया कि जिले में चिन्हित अपराधों से संबंधित मामलों में से 29 मामलों में दोष सिद्ध हुआ है, जबकि 24 मामलों में आरोपी एक्विटल हुए हैं। इस पर उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि एक्विटल हुए मामलों का केस-टू-केस विश्लेषण किया जाए तथा जहां भी अपील की संभावना बनती हो, वहां बिना देरी किए अपील फाइल की जाए।
उपायुक्त महेंद्र पाल ने कहा कि चिन्हित अपराध समाज पर गहरा दुष्प्रभाव डालते हैं, इसलिए ऐसे मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को अनुसंधान की गुणवत्ता में सुधार लाने, साक्ष्य संकलन को मजबूत करने तथा अभियोजन के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए।
इसके अतिरिक्त उपायुक्त ने विभिन्न मामलों के मुख्य गवाहों की काउंसलिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि वे बिना किसी दबाव या भय के न्यायालय में सच्ची एवं निर्भीक गवाही दे सकें। उन्होंने कहा कि विटनेस प्रोटेक्शन स्कीम के अंतर्गत संवेदनशील मामलों के गवाहों को आवश्यकता अनुसार सुरक्षा उपलब्ध करवाई जाए, जिससे न्यायिक प्रक्रिया निष्पक्ष एवं प्रभावी बनी रहे।
उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किशनभाई बनाम राज्य गुजरात मामले में माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का अक्षरश: पालन सुनिश्चित किया जाए तथा चिन्हित अपराधों के मामलों की नियमित समीक्षा कर प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।
बैठक में अधिकारियों ने उपायुक्त को आश्वस्त किया कि सभी निर्देशों की गंभीरता से पालना की जाएगी और चिन्हित अपराधों में प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

युवाओं ने स्वामी विवेकानंद जयंती पर किया सामूहिक सूर्य नमस्कार, दिया स्वस्थ जीवन का संदेश
हिसार, 13 जनवरी।
स्वामी विवेकानंद जयंती के अवसर पर हरियाणा योग आयोग की ओर से प्रदेशभर में शुरू किए गए सूर्य नमस्कार अभियान के तहत हिसार के महाबीर स्टेडियम में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। हरियाणा योग आयोग के चेयरमैन डॉ. जयदीप के निर्देशानुसार आयोजित इस कार्यक्रम में आयुष विभाग के जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. धर्मपाल पुनिया, कॉर्डिनेटर डॉ. बलराज एवं योग विशेषज्ञ पूजा के मार्गदर्शन में प्रतिभागियों ने सूर्य नमस्कार का अभ्यास किया।कार्यक्रम में बड़ी संख्या में खिलाडय़िों, युवाओं और योग सहायकों ने भाग लेकर सामूहिक रूप से सूर्य नमस्कार किया और स्वस्थ जीवनशैली का संदेश दिया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि अर्जुन अवार्डी एवं सीनियर कुश्ती कोच पूजा ढांढा ने कहा कि खेलों के साथ योग का समन्वय अत्यंत आवश्यक है। योग न केवल शरीर को स्वस्थ रखता है, बल्कि मानसिक एकाग्रता और आत्मविश्वास भी बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि नियमित सूर्य नमस्कार से स्फूर्ति बढ़ती है, रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और खिलाड़ी अपने प्रदर्शन में निरंतर सुधार कर सकते हैं।
इस अवसर जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. धर्मपाल पुनिया ने बताया कि यह अभियान आयुष विभाग, शिक्षा विभाग, पुलिस विभाग, खेल विभाग एवं विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से संचालित किया जा रहा है, जो 12 फरवरी (दयानंद सरस्वती जयंती) तक चलेगा। अभियान का उद्देश्य जन-जन को योग, विशेषकर सूर्य नमस्कार के प्रति जागरूक कर शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाना है। उन्होंने बताया कि एक माह तक चलने वाले इस अभियान के दौरान आयुष विभाग के योग सहायक जिले के विभिन्न क्षेत्रों में जाकर सूर्य नमस्कार के महत्व से लोगों को अवगत कराएंगे और योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित करेंगे। उन्होंने योग को भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर बताते हुए समाज को स्वस्थ बनाने में इसकी भूमिका पर भी बल दिया।
इस मौके पर योग कोच हरमेश, रैना, कविता, सुनील माकड़, प्रशांत शर्मा, राजेश, विजेंद्र, संतोष, कुलदीप सहित अनेक योग सहायक एवं सैकड़ों की संख्या में खिलाड़ी उपस्थित रहे।
डिस्ट्रिक्ट टास्क फोर्स की बैठक आयोजित
हिसार, 13 जनवरी।
हिसार में दिसंबर माह के दौरान पांच अवैध कॉलोनी के निर्माण ध्वस्त किए गए और जनवरी माह में भी अभी तक तीन कॉलोनी के निर्माण ध्वस्त किया जा चुके हैं। इस माह जल्द ही अन्य चिन्हित अवैध कॉलोनीयों पर भी कार्यवाही की जाएगी। मंगलवार को जिला टास्क फोर्स की बैठक के दौरान उपायुक्त महेंद्र पाल को जिला नगर योजनाकार दिनेश कुमार ने यह जानकारी दी। उपायुक्त ने निर्देश दिए कि यह अभियान निरंतर जारी रहना चाहिए। उन्होंने पुलिस विभाग को भी निर्देश दिए कि वह पर्याप्त पुलिस फोर्स उपलब्ध करवाते हुए डीटीपी के साथ तालमेल बनाए रखें ताकि कोई भी अवैध कॉलोनी पनपने ना पाए। उन्होंने डीटीपी को भी निर्देश दिए कि यदि किसी कारणवश ड्यूटी मजिस्ट्रेट उपलब्ध न हो तो जल्द से जल्द अन्य किसी तिथि को निर्धारित करते हुए अवैध कॉलोनी के विरुद्ध कार्रवाई को जारी रखा जाए। उन्होंने 2041 के ड्राफ्ट प्लान को लेकर भी अधिकारियों से चर्चा की। इस पर उन्हें अवगत करवाया गया कि यह ड्राफ्ट प्लान मुख्यालय स्वीकृति हेतु भेजा गया है जो जल्द ही स्वीकृत हो जाएगा। उपायुक्त ने कहा कि इस संबंध में नियम अनुसार सभी औपचारिकताएं पूरी करके आगामी कार्रवाई की जाए।
पोषण अभियान को लेकर जिला टास्क फोर्स की बैठक, कुपोषण और आंगनवाड़ी समस्याओं पर हुई विस्तार से चर्चा
हिसार, 13 जनवरी।
जिले में पोषण अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करने और आंगनवाड़ी केंद्रों से जुड़ी समस्याओं के समाधान के उद्देश्य से नगर निगम के मुख्य सभागार में बैठक का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता अतिरिक्त उपायुक्त नीरज ने की। इस बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी, सीडीपीओ, जिला परिषद, जनस्वास्थ्य विभाग तथा विकास एवं पंचायत विभाग के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से सीडीपीओ ने जिले में चल रहे पोषण अभियान की प्रगति की रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि जिले में अब तक लगभग 328 कुपोषित बच्चों की पहचान की जा चुकी है। इन बच्चों की स्थिति पर विभाग द्वारा लगातार निगरानी रखी जा रही है। बच्चों के आहार, पोषण स्तर और स्वास्थ्य से संबंधित सभी पहलुओं की नियमित जांच की जा रही है, ताकि समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें।
सीडीपीओ ने बताया कि जिन बच्चों में गंभीर कुपोषण या स्वास्थ्य संबंधी जटिलताएं पाई जाती हैं, उन्हें आवश्यकता पडऩे पर नि:शुल्क सरकारी अस्पताल में उपचार की सुविधा भी उपलब्ध करवाई जाती है। इसके लिए सिविल अस्पताल से एंबुलेंस सुविधा की आवश्यकता होती है, ताकि बच्चों को समय पर चिकित्सा सहायता मिल सके। इस मुद्दे पर बैठक में गंभीरता से विचार किया गया और संबंधित विभागों के बीच समन्वय को और मजबूत करने पर जोर दिया गया।
बैठक में आंगनवाड़ी केंद्रों की आधारभूत सुविधाओं पर भी चर्चा की गई। सीडीपीओ ने कहा कि कई आंगनवाड़ी केंद्रों में पानी की पाइपलाइन की आवश्यकता है, इस पर अतिरिक्त उपायुक्त नीरज ने जिला परिषद के कार्यकारी अभियंता को निर्देश दिए कि इन आंगनवाड़ी केंद्रों में पाइपलाइन उपलब्ध करवाने के लिए आवश्यक प्रशासनिक अनुमति शीघ्र प्राप्त की जाए।
इसके साथ ही जनस्वास्थ्य विभाग के कार्यकारी अभियंता को भी निर्देशित किया गया कि संबंधित आंगनवाड़ी केंद्रों में मुफ्त पेयजल कनेक्शन जल्द ही करवाए। चेयरमैन ने कहा कि पोषण अभियान की सफलता के लिए बुनियादी सुविधाओं का होना अत्यंत आवश्यक है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही ना हो।
बैठक में यह मुद्दा भी सामने आया कि जिले की कुछ आंगनवाड़ी केंद्र निजी भवनों में किराए पर संचालित हो रही हैं। सीडीपीओ ने बताया कि इन आंगनवाडिय़ों को सरकारी स्कूलों, सरकारी भवनों में स्थानांतरित किया जाना था या फिर इनके लिए सरकारी जमीन उपलब्ध करवाई जानी थी, लेकिन यह प्रक्रिया अभी पूरी नहीं हो पाई है। इस पर अतिरिक्त उपायुक्त ने जल्द समाधान करने के निर्देश दिए। जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी ने सीडीपीओ को निर्देश दिए कि सभी आंगनवाड़ी केंद्रों का विस्तृत डाटा उपलब्ध करवाया जाए, ताकि आगे की कार्रवाई की जा सके।
अतिरिक्त उपायुक्त नीरज ने बैठक में कहा कि बच्चों और महिलाओं का पोषण प्राथमिकता है और इसके लिए सभी विभागों को आपसी तालमेल के साथ कार्य करना होगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जो भी समस्याएं सामने आई हैं, उनका समाधान समयबद्ध तरीके से सुनिश्चित किया जाए।
इस दौरान सिविल सर्जन डॉ. अनामिका बिश्नोई, डब्ल्यूसीडीपीओ सरिता, डब्ल्यूसीडीपीओ सत्यबाला, डब्ल्यूसीडीपीओ नीलम रानी, डब्ल्यूसीडीपीओ सुदेश रानी, सुपरईडेंट डब्ल्यूसीडीपीओ गरिमा शर्मा, जिनेश कुमार, डब्ल्यूसीडीपीओ अनिता, डब्ल्यूसीडीपीओ कृष्णा, सुपरवाईजर गीता देवी, डब्ल्यूसीडीपीओ सुमन पहुजा, ओएससी सुरेश आईटी, ओएससी हरीश, स्कूल हेल्थ सिविल सर्जन राजन वर्मा आदि मौजूद रहे।





